मुहूर्त
विवाह मुहूर्त 2026 · दिल्ली, दिल्ली, भारत
वर्षातील असे दिवस आणि वेळा, ज्या विवाहासाठी पंचांगाच्या शास्त्रीय तपासण्यांत उतरतात. प्रत्येक शुभ वेळ म्हणजे जेव्हा सर्व तपासण्या एकाच वेळी पूर्ण होतात.
या वर्षी 40 शुभ वेळा.
फेब्रुवारी 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 20 फेब्रु 2026 शुक्रवार |
18:23 – 01:52 21 फेब्रु 2026 |
उत्तरा भाद्रपदा, रेवती शुक्ल चतुर्थी |
| 21 फेब्रु 2026 शनिवार |
13:01 – 19:07 | अश्विनी, रेवती शुक्ल पंचमी |
| 26 फेब्रु 2026 गुरुवार |
01:28 – 12:11 | मृगशीर्ष शुक्ल नवमी, शुक्ल दशमी |
मार्च 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 02 मार्च 2026 सोमवार |
12:19 – 17:56 | मघा शुक्ल चतुर्दशी, पौर्णिमा |
| 03 मार्च 2026 मंगळवार |
05:28 – 07:31 | मघा पौर्णिमा |
| 04 मार्च 2026 बुधवार |
07:39 – 08:52 | उत्तरा फाल्गुनी कृष्ण प्रतिपदा |
| 07 मार्च 2026 शनिवार |
11:16 – 07:04 08 मार्च 2026 |
स्वाती कृष्ण चतुर्थी, कृष्ण पंचमी |
| 09 मार्च 2026 सोमवार |
16:11 – 23:27 | अनुराधा कृष्ण षष्ठी |
| 11 मार्च 2026 बुधवार |
22:00 – 09:59 12 मार्च 2026 |
मूळ कृष्ण अष्टमी, कृष्ण नवमी |
| 14 मार्च 2026 शनिवार |
08:11 – 10:43 | उत्तराषाढा कृष्ण एकादशी |
एप्रिल 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 15 एप्रि 2026 बुधवार |
15:22 – 22:31 | उत्तरा भाद्रपदा कृष्ण त्रयोदशी |
| 16 एप्रि 2026 गुरुवार |
09:26 – 10:37 | उत्तरा भाद्रपदा कृष्ण चतुर्दशी |
| 20 एप्रि 2026 सोमवार |
04:35 – 17:50 | रोहिणी शुक्ल तृतीया, शुक्ल चतुर्थी |
| 21 एप्रि 2026 मंगळवार |
04:15 – 12:31 | मृगशीर्ष शुक्ल पंचमी |
| 25 एप्रि 2026 शनिवार |
23:43 – 20:27 26 एप्रि 2026 |
मघा, पूर्वा फाल्गुनी शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
| 27 एप्रि 2026 सोमवार |
21:18 – 21:35 | उत्तरा फाल्गुनी शुक्ल द्वादशी |
| 28 एप्रि 2026 मंगळवार |
21:04 – 20:51 29 एप्रि 2026 |
उत्तरा फाल्गुनी, हस्त शुक्ल त्रयोदशी, शुक्ल चतुर्दशी |
मे 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 01 मे 2026 शुक्रवार |
10:01 – 21:13 | स्वाती पौर्णिमा |
| 03 मे 2026 रविवार |
07:10 – 22:28 | अनुराधा कृष्ण द्वितीया |
| 05 मे 2026 मंगळवार |
12:55 – 15:54 06 मे 2026 |
मूळ, पूर्वाषाढा कृष्ण चतुर्थी, कृष्ण पंचमी |
| 07 मे 2026 गुरुवार |
18:46 – 12:22 08 मे 2026 |
उत्तराषाढा कृष्ण षष्ठी, कृष्ण सप्तमी |
| 13 मे 2026 बुधवार |
20:55 – 22:34 14 मे 2026 |
अश्विनी, उत्तरा भाद्रपदा, रेवती कृष्ण द्वादशी, कृष्ण त्रयोदशी |
जून 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 19 जून 2026 शुक्रवार |
10:07 – 14:53 | मघा शुक्ल पंचमी |
| 21 जून 2026 रविवार |
09:31 – 11:21 | उत्तरा फाल्गुनी शुक्ल सप्तमी |
| 22 जून 2026 सोमवार |
10:31 – 10:13 23 जून 2026 |
हस्त शुक्ल अष्टमी, शुक्ल नवमी |
| 24 जून 2026 बुधवार |
13:59 – 07:08 25 जून 2026 |
स्वाती शुक्ल दशमी, शुक्ल एकादशी |
| 26 जून 2026 शुक्रवार |
19:16 – 22:11 27 जून 2026 |
अनुराधा शुक्ल द्वादशी, शुक्ल त्रयोदशी |
| 29 जून 2026 सोमवार |
01:09 – 03:07 | मूळ शुक्ल चतुर्दशी |
| 29 जून 2026 सोमवार |
16:17 – 04:03 30 जून 2026 |
मूळ पौर्णिमा |
जुलै 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 01 जुलै 2026 बुधवार |
06:51 – 16:04 | उत्तराषाढा कृष्ण प्रतिपदा, कृष्ण द्वितीया |
| 07 जुलै 2026 मंगळवार |
01:41 – 14:31 | उत्तरा भाद्रपदा कृष्ण सप्तमी, कृष्ण अष्टमी |
| 08 जुलै 2026 बुधवार |
12:38 – 16:00 | अश्विनी, रेवती कृष्ण नवमी |
नोव्हेंबर 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 21 नोव्हें 2026 शनिवार |
06:50 – 02:31 22 नोव्हें 2026 |
रेवती शुक्ल द्वादशी |
| 24 नोव्हें 2026 मंगळवार |
23:25 – 17:47 26 नोव्हें 2026 |
रोहिणी, मृगशीर्ष कृष्ण प्रतिपदा, कृष्ण द्वितीया, कृष्ण तृतीया |
| 30 नोव्हें 2026 सोमवार |
12:55 – 14:27 | मघा कृष्ण सप्तमी |
डिसेंबर 2026
| दिनांक | केव्हापासून – केव्हापर्यंत | नक्षत्र · तिथी |
|---|---|---|
| 02 डिसें 2026 बुधवार |
10:32 – 10:54 03 डिसें 2026 |
उत्तरा फाल्गुनी, हस्त कृष्ण नवमी, कृष्ण दशमी |
| 03 डिसें 2026 गुरुवार |
23:04 – 10:23 04 डिसें 2026 |
हस्त, चित्रा कृष्ण एकादशी |
| 05 डिसें 2026 शनिवार |
11:49 – 07:41 06 डिसें 2026 |
स्वाती कृष्ण द्वादशी, कृष्ण त्रयोदशी |
| 07 डिसें 2026 सोमवार |
15:48 – 04:13 08 डिसें 2026 |
अनुराधा कृष्ण चतुर्दशी |
| 12 डिसें 2026 शनिवार |
03:04 – 03:28 13 डिसें 2026 |
उत्तराषाढा शुक्ल तृतीया, शुक्ल चतुर्थी |
वापरलेले नियम
चंद्र रोहिणी, मृगशीर्ष, मघा, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाती, अनुराधा, मूळ, उत्तराषाढा, उत्तरा भाद्रपदा किंवा रेवती नक्षत्रात असावा; नऊ अशुभ योगांपैकी (विष्कम्भ, अतिगण्ड, शूल, गण्ड, व्याघात, वज्र, व्यतीपात, परिघ, वैधृति) कोणताही नसावा; भद्रा (विष्टी करण) नसावी आणि अमावस्या नसावी. वगळलेले: गुरु किंवा शुक्र अस्त असतानाचा काळ आणि त्याच्या आधीचे व नंतरचे तीन-तीन दिवस; सूर्य मीन किंवा धनू राशीत असतानाचा काळ (खरमास); अधिक (जास्तीचा) महिना; आणि देवशयनी एकादशीपासून देवउठनी एकादशीपर्यंतचा चातुर्मास. हे मुहूर्त चिंतामणीनुसार आहे.
या फक्त पंचांगाच्या तपासण्या आहेत. यात विधीच्या वेळचे लग्न आणि संबंधित व्यक्तींच्या कुंडल्या येत नाहीत, ज्या कुटुंबाचे ज्योतिषीही पाहतात. गुरु आणि शुक्र नेमके केव्हापासून केव्हापर्यंत अस्त मानावेत याबद्दल पंचांगांमध्ये मतभेदही आहेत, त्यामुळे या काळांच्या कडेला येणारे दिवस दुसऱ्या पंचांगापेक्षा वेगळे असू शकतात.
तारखा आणि वेळा दिल्ली, दिल्ली, भारत साठी आहेत. सूर्योदयाच्या जवळ तिथी बदलत असेल, तर दुसऱ्या गावात एका दिवसाचा फरक पडू शकतो. वर ठिकाण बदलता येते.